Home News Congress As Cops Fail To Find Team Pilot In Manesar, state president...

Congress As Cops Fail To Find Team Pilot In Manesar, state president said, we have numbers

4
0

मानेसर में टीम पायलट का पता लगाने में नाकाम रही कांग्रेस ने कहा, 'हमारे पास नंबर पूरे हैं'

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने मीडिया को संबोधित करते हुए हरियाणा की बीजेपी सरकार पर भी गंभीर आरोप लगाए (फोटो-एएनआई)

जयपुर:

कांग्रेस ने शनिवार को कहा है कि अशोक गहलोत सरकार के पास पर्याप्त संख्या में विधायक हैं. टीम गहलोत और टीम पायलट के बीच जारी राजनीतिक रस्साकशी के बीच कांग्रेस पार्टी ने इस बात का भी भरोसा जताया है कि यदि कांग्रेस आलाकमान ने अनुमति दे दी तो सचिन पायलट के साथ गए बागी विधायक भी पार्टी में वापस लौट आएंगे. गहलोत सरकार में मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने कहा कि भाजपा ने कांग्रेस के बागियों के साथ मिलकर सरकार को अस्थिर करने की साजिश रची है, इन आरोपों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि  “हमारे पास पर्याप्त संख्या हैं. अगर राज्यसभा चुनाव (पिछले महीने) के दौरान हम सतर्क नहीं होते तो हम अपना नंबर नहीं बचा पाते” उन्होंने यह भी कहा कि वापसी करने वाले बागी विधायकों को माला पहनाई जाएगी, लेकिन जो लोग भाजपा में शामिल हो गए, उन्हें लोगों द्वारा माफ नहीं किया जाएगा. 

यह भी पढ़ें

राजस्थान कांग्रेस प्रमुख के पद से बर्खास्त होने के बाद पायलट की जगह लेने वाले गोविंद सिंह डोटासरा ने मीडिया को संबोधित करते हुए यह भी आरोप लगाया कि भाजपा शासित हरियाणा में पुलिस ने विद्रोही विधायकों को भागने में मदद की थी जब राजस्थान पुलिस शुक्रवार को उनकी तलाश में आई थी. उन्होंने दावा किया कि राजस्थान एसओजी को भाजपा सरकार की हरियाणा पुलिस ने तब तक इंतजार करने के लिए तैयार किया जब तक कि मानेसर में रिसॉर्ट के अंदर के विधायकों को गुप्त दरवाजे से बाहर नहीं निकाला गया. डोटासरा ने यह भी सवाल किया कि अगर हरियाणा में पुलिस को हस्तक्षेप करने की आवश्यकता है तो भाजपा के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है.

पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट और उनके साथ कम से कम 18 विधायक करीब एक सप्ताह से मानेसर में डेरा डाले हुए थे. बागी विधायकों में से एक भंवर लाल शर्मा हैं, जिनकी आवाज कथित तौर पर ऑडियो टेप में है, कांग्रेस का कहना है कि यह अशोक गहलोत सरकार गिराने की साजिश का सबूत है. शर्मा और केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत, जिन पर कांग्रेस ने भी आरोप लगाए हैं, दोनों ने सभी आरोपों से इनकार किया है. NDTV इन टेपों की प्रामाणिकता को स्वतंत्र रूप से सत्यापित नहीं कर सकता है.

राजस्थान पुलिस की टीम शर्मा से आवाज का सैंपल लेना चाह रही थी. इस टीम को एंट्री नहीं दी और जब उन्हें एंट्री करने की अनुमति दी गई, तो विधायकों वहां नहीं मिले. गहलोत-पायलट के झगड़े के बाद भाजपा विधायकों द्वारा सरकार को गिराने का आरोप लगाया गया और पायलट को कथित साजिश के बारे में सवालों के जवाब देने के लिए कहा गया; गहलोत ने दावा किया कि उनके पास सबूत है कि इस साजिश में पायलट शामिल थे.

नाराज पायलट ने कांग्रेस की बैठकों में भाग लेने से इनकार कर दिया और कांग्रेस नेतृत्व से कहा कि वह अपने विद्रोह को खड़ा करने के लिए मुख्यमंत्री पद से कम कुछ भी स्वीकार नहीं करेंगे. कांग्रेस के पायलट और 18 विधायकों को अयोग्य ठहराए जाने के नोटिस के बाद तीखा विवाद कानूनी हो गया. इन्हें जवाब देने के लिए मंगलवार तक का समय दिया गया है. पायलट ने कांग्रेस को राजस्थान उच्च न्यायालय में घसीटकर जवाब दिया. अदालत के फैसले का परिणाम गहलोत सरकार के लिए महत्वपूर्ण होने की संभावना है, जिसमें विद्रोहियों को अयोग्य घोषित करने और विधानसभा में बहुमत के निशान को छोड़ने की जरूरत है, अगर यह विश्वास मत बचाना है कि लगभग निश्चित रूप से भाजपा द्वारा बुलाया जाएगा. 

सचिन पायलट के लिए, एक विधायक के रूप में, अपने समर्थक विधायकों के साथ रहना महत्वपूर्ण है. क्योंकि अगर इन विधायकों को सस्पेंड कर दिया जाता है तो उनके वोट अमान्य हो जाते हैं तो ऐसे में सरकार को उखाड़ फेंकने का सवाल ही नहीं उठता है. पायलट ने उन्हें भाजपा के साथ जुड़ने की अफवाहों को भी खारिज कर दिया. उन्होंने दो बार एनडीटीवी से कहा है कि वह “भाजपा में शामिल नहीं हो रहे हैं” अशोक गहलोत को सत्ता बरकरार रखने के लिए 200 सदस्यीय विधानसभा में 101 विधायकों की जरूरत है. वह 106 के समर्थन का दावा कर रहे है. भाजपा, जिसके पास 73 विधायक है, उसे बहुमत के निशान को पार करने के लिए 30 से 35 विधायकों की जरूरत है. पायलट सहित, 18 विधायक हरियाणा में कथित तौर पर डेरा डाले हुए हैं.

रिजॉर्ट में नहीं मिले सचिन पायलट कैंप के विधायक


Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here